अवध ओझा ने पीएम मोदी को गाली देने वालों की आलोचना की, कहा- मैं इसलिए नहीं गया जंतर-मंतर मशहूर कोचिंग गुरु अवध ओझा ने जंतर-मंतर पर हुए आंदोलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लिए अपशब्दों का इस्तेमाल करने वालों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि सरकार की बुराई एक अलग बात है, लेकिन इस तरह गाली नहीं दे सकते हैं। ओझा ने बताया कि वह भी असहमतियां रखते हैं, लेकिन सम्मान भी करते हैं। उन्होंने कहा कि विरोध करना बुरा नहीं है, लेकिन प्रधानमंत्री को गाली नहीं दे सकते हैं। आम आदमी पार्टी (आप) के पूर्व नेता अवध ओझा ने जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शनों और पीएम मोदी के लिए अपशब्दों का उल्लेख करते हुए कहा कि वह इसी वजह से आंदोलन में हिस्सा नहीं ले गए। उन्होंने कहा कि विरोध करना बुराई नहीं है, लेकिन देश के प्रधानमंत्री को गाली नहीं दे सकते हैं। ओझा ने कहा कि उनकी भी असहमतियां हैं, लेकिन वह व्यक्तिगत तौर पर मोदी की तारीफ करते हैं। ओझा ने अपनी क्लास के दौरान विद्यार्थियों को फालतू की बातों से बचने के लिए सुझाव दिए थे। इसी दौरान उन्होंने जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शनों और पीएम के लिए कहे गए अपशब्दों का जिक्र किया। उन्होंने कहा, "जंतर-मंतर पर जिस तरह बच्चे गाली दे रहे थे... मतलब विरोध करना बुराई नहीं है, लेकिन अब देश के प्रधानमंत्री को गाली नहीं दे सकते। आप किसी को नहीं दे सकते, प्रधानमंत्री को अलग बात है। विरोध आप करिए, सरकार की किसी बात से नाराज हैं, विरोध करिए। लेकिन गाली... वह भी प्रधानमंत्री को। वह तो सीधा प्रधानमंत्री है (मुस्कुराते हुए), ऐसा मुझे लगता है।" अवध ओझा ने कहा कि वह भी प्रधानमंत्री मोदी से असहमतियां रखते हैं, लेकिन सम्मान भी करते हैं। उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री जी से मैं खुश नहीं रहता, मैं उनसे बिल्कुल...#jantar_mantar #avdh_ozha #pm_modi #ap_party #delhi_2015_election