गौरक्षक बाबा चंद्रशेखर की ट्रक से कुचलकर मौत के बाद मथुरा में तनावपूर्ण माहौल ईद के दिन मथुरा जिले के छाता क्षेत्र में गौसेवक बाबा चंद्रशेखर महाराज की ट्रक से कुचलकर हुई संदिग्ध मौत के बाद शहर में तनावपूर्ण माहौल बन गया। घटना के बाद गुस्साए लोग सड़क पर उतर आए और दिल्ली-आगरा राष्ट्रीय राजमार्ग (NH-19) को पूरी तरह जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने हाईवे के दोनों तरफ नाकाबंदी कर दी, जिसके कारण वाहन चलाने में बाधा पड़ रही है। लोगों ने बाबा के आत्महत्या के आरोप लगाए और उनके आत्महत्या के खिलाफ जांच की मांग की। बाबा के पार्थिव शरीर को उनके गांव अंजनोख स्थित गोशाला में लाया गया, जहां बड़ी संख्या में ग्रामीण और समर्थक जुटे हुए हैं। बाबा अपने निडर स्वभाव और गौ-सेवा के लिए ब्रज क्षेत्र में प्रसिद्ध थे। उनकी मौत की खबर फैलते ही कई संगठनों और समर्थकों में गुस्सा और दुख का माहौल है। प्रशासन शांति बनाए रखने की अपील कर रहा है और घटना के बाद छाता पुलिस ने आसपास के क्षेत्रों में नाकाबंदी कर दी है ताकि किसी आरोपी को भागने का मौका न मिले। बाबा की मौत के बाद लोगों के बीच आरोप-प्रतिआरोप की स्थिति बन गई। बाबा के गांव के लोगों ने बाबा के आत्महत्या के आरोप लगाए और उनके आत्महत्या के खिलाफ जांच की मांग की। वहीं, बाबा के आत्महत्या के आरोप के खिलाफ लोगों ने जवाब देते हुए कहा कि बाबा की मौत के बाद उनके आत्महत्या के आरोप लगाए जा रहे हैं। बाबा के आत्महत्या के आरोप के खिलाफ लोगों ने जवाब देते हुए कहा कि बाबा की मौत के बाद उनके आत्महत्या के आरोप लगाए जा रहे हैं। बाबा की मौत के बाद लोगों के बीच आरोप-प्रतिआरोप की स्थिति बन गई। बाबा के गांव के लोगों ने बाबा के आत्महत्या के आरोप लगाए और उनके आत्महत्या के खिलाफ जांच की मांग की। वहीं, बाबा के आत्महत्या के आरोप के खिलाफ लोगों ने जवाब देते हुए कहा कि बाबा की मौत के बाद उनके आत्महत्या के आरोप लगाए जा रहे हैं। बाबा के आत्महत्या के आरोप के खिलाफ लोगों ने जवाब देते हुए कहा कि बाबा की मौत के बाद उनके आत्महत्या के आरोप लगाए जा रहे हैं।#mathura #gaurakshak_baba_chandrasekhara #anjanoakh #nath_pura #nh_19
