मुलताई के क्षेत्र में अचानक आई ओलावृष्टि ने गेहूं की फसल पर गंभीर असर डाला जिले में दो दिन से मौसम में बदलाव देखे जा रहे थे। आसमान पर काले बादलों की आवाजाही बढ़ गई और गुरुवार शाम को अचानक मुलताई क्षेत्र में तेज वर्षा और ओलावृष्टि शुरू हो गई। इस बारिश के कारण गेहूं की फसल पर गंभीर चिंता बन गई। फसल पकने की अवस्था में आई बारिश ने किसानों के लिए खतरा पैदा कर दिया। बारिश के साथ ही ओले भी गिरे, जिससे फसल के नुकसान की आशंका बढ़ गई। किसानों की चिंता बढ़ गई मुलताई के किसानों को अपनी फसल के नुकसान के बारे में चिंता लग रही है। फसल पकने की अवस्था में आई बारिश ने उन्हें बड़ा झटका दिया। कृषि विज्ञानी विजय वर्मा ने कहा कि फसल की कटाई कर ली गई हो तो उसे खलिहान में सुरक्षित रखें और मौसम खुलने तक कटाई न करें। उन्होंने किसानों को सलाह दी कि अगर फसल के नुकसान की आशंका है तो उसे तुरंत बचाने के लिए कदम उठाएं। बाजार में अफरा-तफरी गुरुवार को लगने वाले साप्ताहिक बाजार में अचानक आई बारिश और ओलावृष्टि ने अफरा-तफरी का माहौल बना दिया। तेज हवा के कारण दुकानदारों के टेंट और पाल उड़ गए, वहीं खुले में रखी सामग्री भीग गई। बाजार में मौजूद लोगों ने वर्षा से बचने के लिए इधर-उधर भागकर शरण ली। किसान और व्यापारी भीगते हुए अपने सामान को बचाने में जुटे रहे। बारिश के कारण बाजार स्थल पर कीचड़ फैल गया, जिससे लोगों को आवाजाही में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। राजधानी के धार्मिक स्थल पर असर बारिश के कारण दुर्गा मंदिर से लेकर मुख्य मार्गों तक लगाए गए भगवा कपड़े भीगकर नीचे गिर गए। कुछ स्थानों पर कपड़े बिजली के तारों से टकरा गए, जिससे तेज आवाज के साथ करीब 10 मिनट तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। बाद में बिजली विभाग ने सप्लाई बहाल की। राजधानी के धार्मिक स्थलों पर बारिश ने भी गंभीर असर डाला, जिससे धार्मिक आयोजनों के लिए चिंता बढ़ गई। मौसम के अचानक बदलाव के कारण मुलताई क्षेत्र में पिछले दो दिनों से मौसम में बदलाव देखे जा रहे थे। बुधवार को पूरे दिन बादल छाए रहे और धूप हल्की रही, हालांकि वर्षा नहीं हुई। गुरुवार सुबह से ही नमी और हवाओं का असर बना रहा। दोपहर बाद अचानक मौसम बिगड़ा और पहले...#kisan #vijay_varma #mul_tai #durgamaandir #bazaar
